PUSHPA SAHU

PUSHPA SAHU KI KAVITA

PUSHPA SAHU KI KAVITA

हमारी वेबसाइट “Science ka Mahakumbh” में आपका स्वागत है। यहां पर पुष्पा साहू मीरा जी की कविता प्रकाशित किया जाएगा। आप सभी इसका आनंद लीजियेगा। PUSHPA SAHU KI KAVITA शीर्षक:- पुरुष होने का अर्थ पुरूष होने का अर्थपौरुष न गंवाया व्यर्थ मन की भावनाओं कोसंतुलित कर सहे दर्द अपनी जिम्मेदारियों काबोझ लिए उतारता कर्ज विपरीत …

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हमारी वेबसाइट “Science ka Mahakumbh” में आपका स्वागत है। यहां पर पुष्पा साहू मीरा जी की कविता प्रकाशित किया जाएगा। आप सभी इसका आनंद लीजियेगा। PUSHPA SAHU KI KAVITA शीर्षक:- दूरियाँ दूरियाँ भी जरूरी थींफासले मिटाने को,खले किसी को अपनीकमी ये जताने को…. दूरियाँ न हो तो रिश्तेदम तोड़ देते हैं,दिलों में कडवाहट काजहर‌ घोल‌ …

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